तेहरान (एजेंसी):
ईरान की राजधानी तेहरान इस समय गंभीर जल संकट से जूझ रही है। लगातार घटते भूजल स्तर और सूखे की वजह से हालात इतने बिगड़ गए हैं कि प्रशासन को शहर के कुछ हिस्सों को खाली कराने पर विचार करना पड़ सकता है।
तेहरान की जल आपूर्ति पर नजर रखने वाले विशेषज्ञों के अनुसार, पिछले कुछ वर्षों से बारिश में लगातार कमी आई है। इसी कारण से शहर के जलाशय लगभग सूख चुके हैं और जल स्तर ऐतिहासिक रूप से नीचे चला गया है।
स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, राजधानी में पेयजल की मांग तेजी से बढ़ रही है जबकि उपलब्ध संसाधन लगातार घट रहे हैं। जल विभाग के अधिकारियों का कहना है कि यदि स्थिति में सुधार नहीं हुआ, तो आने वाले महीनों में यह संकट और गहराएगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि जल संकट केवल प्राकृतिक कारणों से नहीं, बल्कि जनसंख्या वृद्धि, अवैध बोरवेल और जल प्रबंधन की कमजोर नीतियों से भी जुड़ा हुआ है। प्रशासन ने नागरिकों से पानी की बचत करने और अनावश्यक उपयोग से बचने की अपील की है।
रिपोर्टों के अनुसार, कुछ क्षेत्रों में जल वितरण सीमित कर दिया गया है और कई इलाकों में रोजाना घंटों तक पानी की आपूर्ति बंद रहती है। सरकार ने स्थिति पर नियंत्रण पाने के लिए आपातकालीन योजना तैयार की है।
यदि हालात नहीं सुधरे, तो विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि तेहरान को आंशिक रूप से खाली कराना पड़ सकता है, जो देश के लिए एक बड़ा मानवीय और आर्थिक संकट साबित होगा।
