जिला संवाददाता अमित गुप्ता
कदौरा जालौन
कदौरा/जालौन ब्लॉक क्षेत्र की ग्राम पंचायत तिरही में विकास कार्यों के नाम पर ग्राम निधि से बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितता किए जाने का मामला सामने आया है। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी को शिकायती पत्र सौंपकर ग्राम निधि से हुए संदिग्ध भुगतानों की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है। आरोप है कि प्रधान द्वारा पहले से बनी पुरानी रिटर्निंग वाल (दीवार) के नाम पर लाखों रुपये की धनराशि आहरित कर ली गई, साथ ही पेयजल मरम्मत के नाम पर भी धांधली की गई है।
शिकायत के अनुसार, 2 सितंबर 2026 को गांव में तालाब की रिटर्निंग वाल के निर्माण के नाम पर ग्राम निधि से करीब 3.20 लाख रुपये की धनराशि निकाली गई है। ग्रामीणों का दावा है कि संबंधित रिटर्निंग वाल आज की नहीं, बल्कि करीब 7 वर्ष पूर्व से ही जस की तस बनी हुई है।
पंचायती राज कार्यक्रम के तहत इस कार्य से जुड़े जारी वाउचरों के अनुसार अलग-अलग चरणों में 16,200 रुपये, 2,59,782 रुपये और 63,100 रुपये के भुगतान दर्शाए गए हैं। ग्रामीणों रामकरण , संतोष पाल , लाला बाबू, दिलीप यादव, भीम यादव, दशरथ पाल,मंगल पाल, आदि का कहना है कि जब दीवार पहले से ही मौके पर मौजूद थी, तो आखिर किस कार्य के एवज में दोबारा इतनी बड़ी रकम का भुगतान किया गया। वित्तीय अनियमितताओं के इस मामले में केवल दीवार तक सीमित नहीं है, बल्कि पेयजल व्यवस्था और हैंडपंप मरम्मत के नाम पर हुए भुगतानों पर भी गंभीर सवाल खड़े किए गए हैं। आरोप है कि कई स्थानों पर ग्रामीणों ने अपनी जेब से पैसे खर्च करके खराब हैंडपंपों की मरम्मत कराई, जबकि कागजों में कुछ चुनिंदा और खास लोगों के हैंडपंपों की मरम्मत के नाम पर ग्राम निधि से सरकारी धन का भुगतान करा लिया गया।
शिकायती पत्र में ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से मांग की है कि तिरही ग्राम पंचायत में ग्राम निधि से हुए सभी भुगतानों के बिल-वाउचर, माप पुस्तिका (एमबी) और मौके पर कराए गए कार्यों का स्थलीय (भौतिक) सत्यापन कराया जाए। इस पूरे प्रकरण में ग्राम प्रधान शिवराम तथा सचिव सतीश चंद्र पर धन के दुरुपयोग का गंभीर आरोप लगाया गया है
वही इस संबंध में खंड विकास अधिकारी संदीप कुमार मिश्र का कहना है कि अभी भुगतान हुआ नहीं बाउचर जरूर लगाए गए है सचिव की डी एस सी लगी है लेकिन प्रधान की डी एस सी नहीं लगी है इसलिए भुगतान नहीं हुआ है जांच की जा रही जो भी दोषी होगा उसका खिलाफ कड़ी कार्यवाही की जाएगी
