कानपुर देहात, 22 नवंबर 2025। जिले के संदलपुर ब्लॉक के लोवा का पुरवा स्थित प्राथमिक विद्यालय में कल (शुक्रवार) को शिक्षकों की अनुपस्थिति का गंभीर मामला सामने आया। विद्यालय में 29 बच्चे निर्धारित समय पर पहुंच गए थे, लेकिन दोपहर 12 बजे तक कोई भी शिक्षक स्कूल नहीं पहुंचा।
⏳ बच्चे खुद खेलते और खाते रहे
शिक्षकों की अनुपस्थिति के दौरान बच्चे परिसर में लुडो और क्रिकेट खेलते रहे। कुछ बच्चे अपना खाना खाते और बर्तन साफ करते भी दिखे। रसोईयों ने समय पर पहुंचकर मिड-डे मील तैयार किया, जिसे बच्चों ने खाया।
दोपहर करीब 12:05 बजे भदमऊ गांव के शिक्षक बृजेश प्रजापत (एआरबीपी संदलपुर) और शिक्षक बृजेश वर्मा विद्यालय पहुंचे।
❓ एक शिक्षक पिछले 4-5 दिन से छुट्टी पर
-
शिक्षक की स्थिति: विद्यालय एक एकल विद्यालय है, और तैनात शिक्षिका रश्मि पोरवाल पिछले 4-5 दिनों से मेडिकल अवकाश पर हैं। नियमानुसार, क्षेत्र के अन्य एकल विद्यालयों की तरह बारी-बारी से किसी शिक्षक को भेजा जाना था, लेकिन आंतरिक व्यवस्था में भ्रम के कारण कोई शिक्षक समय पर नहीं पहुंच सका।
-
अधिकारी का पक्ष: एबीएसए संदलपुर अशोक कुमार ने बताया कि शिक्षिका के अचानक अवकाश पर जाने के बाद पास के जौरा गांव के प्राथमिक विद्यालय से सहायक अध्यापक मनोज कुमार को भेजा गया था, लेकिन ग्रामीणों द्वारा मना किए जाने पर वह वापस लौट आए थे।
-
शिक्षकों की स्वीकारोक्ति: उपस्थित शिक्षकों ने इस चूक को स्वीकार करते हुए बताया कि इन दिनों अधिकांश शिक्षक स्कूल इन्फॉर्मेशन रिपोर्ट (SIR) कार्य में व्यस्त हैं, जिससे श्रम की स्थिति और बढ़ गई है।
🗣️ ग्रामीणों में रोष, जांच का आश्वासन
ग्रामीणों ने एबीएसए के इस दावे को पूरी तरह खारिज कर दिया कि उन्होंने किसी शिक्षक को प्रवेश करने से रोका।
-
आरोप: ग्रामीणों का कहना है कि यह पहली बार नहीं है, यह शिक्षक अक्सर देरी से आते हैं। इस घटना के बाद क्षेत्र में शिक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
-
डीएम का आश्वासन: ग्रामीणों का कहना है कि बच्चों का भविष्य प्रभावित हो रहा है और प्रशासन को व्यवस्था में सुधार करना चाहिए। प्रशासन ने मामले की जांच कर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है।
